Page 5 - Aahaar Kranti April 2021 H
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          पोषण का प्रभािी स्ोि हैं
झारखांड की पत्तेदार सब्ी प्रजातियाां
उमाशांकर लमश्
गोभ़ी, ्पालि, मटर, शशमला ममच,्श गाजरऔरआलूजसै ़ीसबबजयां
रोजमरा्शिीश्जिदग़ीसेजडु ़ीिुछ ऐस़ी सबबजयां ह,ैं श्जनिा प्रचलन देशभर में ह।ै िह़ीं,
देश िे तिमभन्न तहससों में ऐस़ी सिै डों तिशशष्ट सबज़ी प्रजातियां ्पाय़ी जाि़ी ह,ैं जो ्पोषण से भर्परू होने
िे बािजदू िह लोितप्रयिा हाश्सल नह़ीं िर सिी ह,ैं जो आल,ू गोभ़ी, मटर, ्पालि, मभि ड़ी, लौिी,
िद् दू और इसिे जसै ़ी अनय सबबजयों िो ममल़ी ह।ै हालां ति, ऐस़ी सबज़ी प्रजातियां गऱीब और त्पछड्पे न िा शशिार माने जाने िाले झारखं ड िे जनजाि़ीय लोगों िे भोजन िा एि अहम तहससा ह।ैं
भारि़ीय िृ तष अनसु ं धान ्पररषद िे ्पटना एिं रां च़ी बसथि ्पूिवी अनसु ं धान ्पररसर िे शोधििाओ्श ं ने झारखं ड िे सथाऩीय आतदिाश्सयों द्ारा उ्पयोग िी जाने िाल़ी ्पतिदे ार सबबजयों िी 20 ऐस़ी प्रजातियों िी ्पहचान िी ह,ै जो ्पौतष्टि गणु ों
से य्ु ि होने िे साथ-साथ भोजन में तितिधिा
िो बढािा दे सिि़ी ह।ैं शोधििाओ्श ं िा िहना
है ति ्पोषण एिं खाद्य सरु क्षा सतुनश्चिि िरने में
भ़ी सबबजयों िी ये सथाऩीय प्रजातियां मददगार होसिि़ीह।ैं हरै ाऩीिीबाियहहैतिइनमेंसे अमधििर सबबजयों िे बारे में देश िे अनय तहससों िे लोगों िो जानिाऱी िि नह़ीं ह।ै
इस अधययन िे दौरान रां च़ी, गमु ला, खं ूट़ी, लोहरदगा, ्पश्चिम़ी श्सि हभूमम, रामगढ और हजाऱीबाग समिे झारखं ड िे साि श्जलों िे हाट (बाजारों) में सिक्षवे ण िर िहां उ्पलबध तिमभन्न मौसम़ी सबबजयों िी प्रजातियों िे नमूने एितत्रि तिए ह।ैं इन सबबजयों में मौजूद ्पोषि ितिों, जसै -े तिटाममन-स़ी, िै क्शयम, फा सफोरस, ममै निशयम, ्पोटैशशयम, सोतडयम और सलफर, आयरन,
श्जि ि, िा ्पर एिं मगै ऩीज, िै रोटेना यडट स और
एं ट़ीआकस़ीडेंट गणु ों िा ्पिा लगाने िे श्लए नमूनों िा जिै -रासायतनि तिशलषे ण तिया गया ह।ै
तिटाममन, खतनज और एं ट़ीआ कस़ीडेंट गणु ों
से भर्पूर जनजाि़ीय इलािों में ्पाय़ी जाने िाल़ी
ये ्पतिदे ार सबबजयां सथाऩीय आतदिाश्सयों िे भोजन िा अहम तहससा होि़ी ह।ैं इनमें प्रचरु मात्रा में िै क्शयम, ममै निशयम, आयरन, ्पोटैशशयम
जसै े खतनज िथा तिटाममन ्पाए गए ह।ैं इन सबबजयों में फाइबर िी उचच मात्रा होि़ी ह,ै जबति िाबबोहाइडट्रेटएिंिसािासिरबहेदिम्पाया
अप्रैल 2021
आहार काांति 5
    गया ह।ै शोध ्पतत्रिा िरं ट साइं स में प्रिाशशि यह अधययन अनरु ाधा श़्ीिासिि, आर.एस. ्पनै और ब़ी.्प़ी. भट्ट द्ारा तिया गया ह।ै
सबबजयों िी इन प्रजातियों में लाल गं धाऱी, हऱी गं धाऱी, िलम़ी, बथआु , ्पोई, बगें , मचु ऱी, िोईनार, मंगुा,सनई,सनुसतुनया,फुटिल,मगरहल,चिोर, िटई/सरला,िाांडाऔरमत्ाइत्ातदशाममलह।ैं ये सबज़ी प्रजातियां झारखं ड िे आतदिाश्सयों िे भोजन िा प्रमखु तहससा ह।ैं शोधििाओ्श ं ने ्पाया है तिजनजाि़ीयलोगलालगंधाऱी,हऱीगंधाऱीऔर िलम़ी िा भोजन में सबसे अमधि उ्पयोग िरिे ह।ैं िह़ीं,मगरहलअ्पक्षे ािृिरू्पसेिमलोितप्रयह।ै
बरसाि एिं गमवी िे मौसम में तिशषे रू्प से जनजाि़ीय समदु ाय िे लोग खाने योगय तिमभन्न प्रिार िे ्पौधे अ्पने आस्पास िे िृ तष, गरै -िृ तष एिं िनय क्षत्रे ों से एितत्रि िरिे सबज़ी िे रू्प
में उ्पयोग िरिे ह।ैं इन सबबजयों िो तिमभन्न िनस्पतियों,जसै-ेझातडयों,िृक्षों,लिाओं,शाि
या तफर औषध़ीय ्पौधों से प्रापि तिया जािा ह।ै सबबजयों िो साग िे रू्प में ्पिािर, िचचा या
तफर सखु ािर खाया जािा ह।ै सखु ािर सबबजयों िा भ ं ड ा र ण भ ़ी त ि य ा ज ा ि ा ह , ै ि ा त ि ्प रू े स ा ल उ न ि ा भोजन िे रू्प में उ्पभोग तिया जा सिे । अलग- अलग सथानों ्पर तिमभन्न मौसमों में मभन्न प्रिार
िी सबबजयां उ्पयोग िी जाि़ी ह।ैं इनिी ्पमतियों, टहतनयों और फू लों िो मसालों अथिा मसालों िे तबना ्पिािर एिं िचचा खाया जािा ह।ै
शोधििाओ्श ं िा िहना है ति “इन सबबजयों िी उ्पयोमगिा िे बािजूद इनहें गऱीबों एिं त्पछडे लोगों िा भोजन माना जािा ह,ै और वया्पि
रू्प से िृ तष चक में ये सबबजयां शाममल नह़ीं ह।ैं जबति, सबबजयों िी ये प्रजातियां खाद्य सरु क्षा, ्पोषण, सिास्थ्य देखभाल और आमदऩी िा जररया बन सिि़ी ह।ैं एि महति्पूण्श बाि यह
है ति बेहद िम सं साधनों में इनिी खेि़ी िी जा सिि़ीह।ै”
इं तडया साइं स िायर
        

































































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