Page 5 - HINDI_SB33_Nehemiah
P. 5

फारसी सा�ाज्य क े  शासक, राजा
        अतर्क्ष� का शाही भोजन कक्ष।



















                                                     नहेम्याह, मेरा भरोसेमंद दाखमधु
                                                     िपलाने वाला- वह आदमी िजसे
                                                     म� अपनी जीवन के �लए भरोसा
                                                        करता �ँ।


                                                                                 तू तो रोगी नह� है, िफर
                                                                                 तेरा मुँह क्य� उतरा है?
                                                                                  यह तो मन ही की
                                                                                   उदासी होगी।


































                                                                         राजा सदा जीिवत रहे!


                                                                   जब वह नगर िजसम� मेरे पुरखा� की कबर� ह�, उजाड़
                                                                    पड़ा है और उसके फाटक जले �ए ह�, तो मेरा
                                                                          मुँह क्य� न उतरे?




                                      नहेम्याह 2:1-3                                        3 3
   1   2   3   4   5   6   7   8   9   10